जैसा की हम सभी जानते हैं आजकल कोरोना वायरस इतनी तेज़ी से फ़ैल रहा है, ऐसे में जरूरी है कि आप अपने आपको इससे बचा कर रखें और सावधानी बरतें। कोरोना वायरस  से बचने के लिए जरूरी सावधानी के साथ साथ आवश्यक है आपकी इम्युनिटी(Immunity)  भी अच्छी हो। क्या आप जानते हैं कि हमारे शरीर को रोगों से लड़ने की शक्ति कहाँ से मिलती है? तो आज हम आपको यहाँ बताएंगे की हमारा शरीर किस तरह बीमारियों और इन्फेक्शन से लड़ता है और कौन इसे शक्ति प्रदान करता है। इसका जबाव है – इम्युनिटी (Immunity),जिसे प्रतिरक्षा भी कहा जाता है। यह इम्युनिटी ही होती है जो हर तरह के संक्रमण से लड़ती है, फेफड़ों में होने वाली धूल को साफ करती है और कैंसर की कोशिकाओं को मारती है।

 

यदि आपकी इम्युनिटी सही होगी तो आप कोरोना वायरस के साथ साथ अन्य रोगों और गंभीर बिमारियों से भी लड़ पायेंगे। आइये जानते हैं इम्युनिटी क्या और कितने तरह की होती है। जानिये इम्युनिटी(Immunity कैसे बढ़ाया जा सकता है और किन-किन कारणों से हमारे शरीर की इम्युनिटी(Immunity) कम हो सकती है और कमजोर इम्यूनिटी(Immunity सिस्टम के ये होते हैं बड़े लक्षण?

 

इम्युनिटी(Immunity)  के प्रकार:-

प्रतिरक्षा (Immunity) दो प्रकार की होती है- इनेट और एडेटिव इम्युनिटी।

१. इनेट इम्युनिटी: यह व्यक्ति को रोगों के प्रति सुरक्षा देती है परन्तु यह दीर्घकालिक नहीं होती।

२. एडेटिव इम्युनिटी: यह व्यक्ति को रोगों के प्रति सुरक्षा देती है साथ ही यह विशिष्ट रोगजनकों के खिलाफ दीर्घकालिक सुरक्षा भी देती है।

कमजोर इम्युनिटी(Immunity) सिस्टम के ये होते हैं बड़े लक्षण:-

  • बार-बार संक्रमण होना या ऐलर्जी
  • थकान, और सुस्ती महसूस होना
  • विटमिन डी की कमी
  • बार-बार बीमार होना

 

अगर आपको लगता है कि आप दूसरों की अपेक्षा बार-बार बीमार होते हैं, जुकाम की शिकायत रहती है, खांसी, गला खराब होना या स्किन रैशेज जैसी समस्या रहती है तो बहुत पॉसिबल है कि यह आपके इम्यून सिस्टम की वजह से हो। बार-बार यूटीआई, डायरिया, मसूड़ों में सूजन, मुंह में छाले वगैरह भी खराब इम्यूनिटी(Immunity)  के लक्षण हैं।

अगर आपको चोट लगी है और वह काफी समय से ठीक नहीं हुई है तो समझ जाइए कि आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर है, इसी वजह से चोट ठीक नहीं हो पा रही है. अगर आप इस समस्या से जूझ रहे हैं तो अपनी डाइट में आयुर्वेदिक चीजों का सेवन करना शुरू कर दें।

 

इम्युनिटी(Immunity) बढ़ाने के उपाय:-

इम्यूनिटी(Immunity) बढ़ाने के लिए आपने भी उपाय किए होंगे, क्योंकि ये दौर अपने इम्यून सिस्टम को (Immune System) मजबूत रखने का है। वैसे तो इम्यून सिस्टम को बूस्ट करने के कई तरीके हैं लेकिन इम्यूनिटी बढ़ाने के आयुर्वेदिक उपाय (Ayurvedic Remedies To Increase Immunity) जितने कारगर शायद ही कोई हों । इम्यूनिटी(Immunity) बढ़ाने के आयुर्वेदिक तरीके (Ayurvedic Ways To Increase Immunity) काफी फायदेमंद होते हैं. एक मजबूत इम्यून सिस्टम (Strong Immune System) आपको कई बीमारियों और संक्रमण से दूर रख सकता है।

आयुर्वेदिक जड़ीबूटियां (Ayurvedic Herbs) कई रोगों से लड़ने में कारगर मानी जाती हैं. वहीं इम्यून सिस्टम को मजबूत रखने के लिए भी कुछ जड़ी बूटियों का सेवन करना काफी फायदेमंद हो सकता है. इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए हर्ब्स (Herbs For Increase Immunity) एक नेचुरल उपाय के तौर पर काम करती हैं।

हमारे आयुर्वेदाचार्य  ने कई सारे आयुर्वेदिक ग्रंथो का अभ्यास करके १४ जड़ीबूटियों का सही मात्रा और योग्य स्वरुप में मिश्रण करके एक अत्यंत असरकारक रोग प्रतिकारक शक्ति बढ़ाने वाला मिश्रण तैयार किया है, और उसको हेल्थ गार्ड नाम दिया है जो सच में स्वास्थ्य की सुरक्षा मात्र रोग प्रतिकारक(Immunity) शक्ति बढ़ाने में अत्यंत असरकारक है। इन १४ जड़ीबूटियों में अश्वगंधा, गिलोय, आँवला, तुलसी, जेठीमाथ, ब्राह्मी, शतावरी, सुंठ, पीपल, हल्दी, शंखपुष्पी, काली मिर्च, शिलाजीत और परवल भस्म जैसी दुर्लभ जड़ीबूटियों का उपयोग किया गया है।

हेल्थ गार्ड पाउडर से मिलने वाले लाभ

yes दैनिक प्रतिरक्षा को मजबूत करता है और बनाए रखता है
yes प्रतिरक्षा कोशिकाओं की गतिविधि को बेहतर बनाने में मदद करता है।
yes यह आपके शरीर में खोई हुई ऊर्जा को पुनर्स्थापित करता है।
yes प्रतिरक्षा को बढ़ावा देता है और रोग से लड़ता है।
yes श्वसन तंत्र के संक्रमण के लिए प्रतिरक्षा प्रणाली का समर्थन करता है।
yes अश्वगंधा प्रतिरक्षा कोशिकाओं की गतिविधि में सुधार करता है, सूजन को कम करता है।
yes अमला में प्राकृतिक एंटी-ऑक्सीडेंट और इम्यूनोमॉड्यूलेटरी गुण होते हैं।
yes 
सुंठ(Ginger):- थकान से लड़ने और सहनशक्ति, शक्ति, ऊर्जा, जीवन शक्ति को बढ़ाने में मदद करता है।
yes गालो पाउडर रक्त को शुद्ध करने में मदद करता है, रोग पैदा करने वाले रोगाणुओं से लड़ता है, और प्रतिरक्षा में सुधार करता है।
yes यह लड़ता है श्वसन पथ के संक्रमण के लिए प्रतिरक्षा प्रणाली का समर्थन करने में मदद करता है।
yes यह थकान से लड़ने और ऊर्जा के स्तर को बढ़ाने में मदद करता है।